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बाराबंकी में शिक्षक ने की आत्महत्या का मामला:पिता से विवाद और कर्ज का दबाव निकला कारण, दो बार पहले भी की थी सुसाइड की कोशिशसरफराज वारसी | बाराबंकी4 मिनट पहले
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बाराबंकी के रामनगर कस्बे में सोमवार को एक शिक्षक ने फंदे से लटककर आत्महत्या कर ली। मृतक की पहचान सुभास्कर तिवारी के रूप में हुई है। पुलिस की प्रारंभिक जांच में पारिवारिक विवाद और आर्थिक दबाव की बात सामने आई है। फिलहाल पुलिस सभी पहलुओं की गहनता से जांच कर रही है।
पुलिस के अनुसार, सुभास्कर के पिता चाहते थे कि उनकी विवाहित बेटी लखनऊ स्थित मकान में रहे। बताया गया कि करीब एक वर्ष पहले बेटी के इंजीनियर पति सड़क दुर्घटना में गंभीर रूप से घायल हो गए थे, जिसके बाद वह कमर के नीचे से अशक्त हो गए। इसी वजह से पिता ने बेटी को लखनऊ वाले मकान में रखने का निर्णय लिया था।
लखनऊ के मकान को लेकर था मतभेद
परिजनों के मुताबिक, पिता ने सुभास्कर और उनकी पत्नी के लिए रामनगर में अलग मकान बनवाया था। साथ ही सआदतगंज रोड स्थित अपनी भूमि पर निर्माण कर वह संपत्ति भी बेटे को देने की योजना थी। सुभास्कर लखनऊ वाले मकान में ही रहना चाहते थे। इसी बात को लेकर पिता-पुत्र के बीच विवाद हुआ था। परिजनों के समझाने के बावजूद वह नाराज होकर तीन दिन पहले रामनगर लौट आए थे।
पहले भी कर चुके थे आत्महत्या का प्रयास
पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि सुभास्कर ने पहले भी आत्महत्या का प्रयास किया था। सिद्धार्थनगर में तैनाती के दौरान और बाद में लखनऊ में भी उन्होंने ऐसा कदम उठाने की कोशिश की थी, लेकिन दोनों बार उन्हें बचा लिया गया था। इसके अलावा उन पर काफी कर्ज होने की जानकारी भी मिली है, जिसकी जांच की जा रही है।
पोस्टमार्टम में फांसी से मौत की पुष्टि
सोमवार को घटना की सूचना मिलने पर मोहल्ले के लोग उन्हें बचाने के लिए पहुंचे, लेकिन तब तक उनकी मौत हो चुकी थी। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम कराया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मृत्यु का कारण फांसी बताया गया है। इसके बाद परिजनों ने उसी दिन लखनऊ में उनका अंतिम संस्कार कर दिया।
पुलिस बोली- हर पहलू की हो रही जांच
पुलिस का कहना है कि मामले की जांच सभी संभावित पहलुओं को ध्यान में रखकर की जा रही है। उपलब्ध साक्ष्यों और जांच के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
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